तरह खिलना चाहते हैं I
तो काँटों के साथ तालमेल
की कला सीखनी होगी II
मानसिक तप मनः प्रसादः सौम्यत्वं मौनमात्मविनिग्रहः। भावसंशुद्धिरित्येतत्तपो मानसमुच्यते।। श्रीमद् भागवत गीता ( 1 7:1 6 ) मन की प...