यदि आप गुलाब की तरह खिलना चाहते हैं I


यदि आप गुलाब की 

तरह खिलना चाहते हैं I

तो काँटों के साथ तालमेल 

की कला सीखनी होगी II

मनः प्रसादः सौम्यत्वं

  मानसिक तप मनः प्रसादः सौम्यत्वं मौनमात्मविनिग्रहः। भावसंशुद्धिरित्येतत्तपो मानसमुच्यते।।   श्रीमद् भागवत गीता ( 1 7:1 6 )     मन की प...